झारखंड के 11 गैर अनुसूचित जिलों को अनुसूचित घोषित करने संबंधी रिपोर्ट मंत्री अमर बाऊरी के नेतृत्व में गठित टीम ने मुख्यमंत्री को सौंप दी. इसके साथ ही उत्तरी छोटानागपुर और पलामू प्रमंडल के 11 जिलों की नौकरियों में स्थानीय लोगों को आरक्षण का लाभ देने की अनुशंसा रिपोर्ट में की गयी है. यदि अनुशंसा लागू हुई, तो अन्य 13 जिलों के माफिक इन 11 जिलों के स्थानीय लोग भी 45 वर्ष की अवस्था तक तृतीय और चतुर्थ वर्ग की नौकरियां पा सकते हैं.
रिपोर्ट में पलामू, गढवा,कोडरमा, धनबाद, चतरा, हजारीबाग, रामगढ, बोकारो, गिरिडीह, देवघर और गोड्डा के लोगों को भी तृतीय और चतुर्थ वर्ग की नौकरियों में आरक्षण का लाभ देने की सिफारिश की गई है. इसके लिए उम्र सीमा 45 वर्ष तक तय की गई है. रिपोर्ट में सीएम से यह भी आग्रह किया गया है वे जल्द से जल्द इस रिपोर्ट की अनुशंसा को लागू करें.
रिपोर्ट में अनुशंसा
जिला स्तरीय नौकरियों में सौ प्रतिशत स्थानीय लोगों को नौकरी
तृतीय और चतुर्थवर्गीय नौकरियों में बाहरी को स्थान नहीं
45 वर्ष की अवस्था तक स्थानीय लोग पा सकेंगे नौकरी
जेपीएससी की पीटी परीक्षा में भी आरक्षण का लाभ
राज्य सरकार की सभी प्रतियोगी परीक्षा में स्थानीयता का लाभ खातियान के आधार पर
ऐसी सभी नौकरी की परीक्षा को स्थगित किया जाये, जो अभी तक पूर्ण नहीं हुई है
बीजेपी ने रिपोर्ट की प्रशंसा की
भाजपा ने राज्य सरकार द्वारा गठित टीम की इस रिपोर्ट को राज्य के लोगों के लिए बेहतर बताया है. प्रदेश अध्यक्ष लक्ष्मण गिलुआ की माने तो इससे राज्य के लोगों को लाभ मिलेगा. अब गेंद मुख्यमंत्री के पाले में हैं कि वो कब इस रिपोर्ट को लागू करते हैं. मुख्यमंत्री रघुवर दास खुद इस कमिटी की रिपोर्ट को लेकर लगातार निगरानी भी कर रहे थे.



Post A Comment:
0 comments so far,add yours