पूर्व केन्द्रीय मंत्री शरद यादव ने रिम्स में आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद से मुलाकात की. इस दौरान हालचाल से लेकर देश- राज्य की सियासत तक पर चर्चा हुई. मुलाकात के बाद बिहार के वर्तमान सियासी हालात पर सीएम नीतीश कुमार का नाम लिये बगैर शरद यादव ने कहा कि हमने तो एनडीए में जाने के समय कहा था कि यह ठीक नहीं है. आज धारा 370 और तीन तलाक जैसे मुद्दों पर क्या हो रहा है, सब जानते हैं. हमारी बात सच साबित हुई है.

मॉब लिंचिंग पर बने कठोर कानून

मुजफ्फरपुर में चमकी बुखार से मौत के मामले पर शरद यादव ने कहा कि इन मौतों की मुख्य वजह गरीबी है. सरकार को इस दिशा में काम करना होगा. मॉब लिंचिंग पर बोले, इसको लेकर कठोर कानून बनाने की जरूरत है. इस तरह की घटनाएं देश में बढ़ रही हैं. सराईकेला की घटना पर हमें अफसोस है. इस तरह की तालिबानी रास्ते के खिलाफ जनता की गोलबंदी भी होनी चाहिए.

घटना होगी, तो आलोचना भी होगी



पीएम मोदी के उस बयान पर कि सराईकेला की घटना को लेकर झारखंड को बदनाम नहीं किया जा सकता, शरद यादव ने कहा कि राज्य सरकार के हाथों में कानून- व्यवस्था का जिम्मा होता. ऐसे में अगर इस तरह की घटना होती है, तो सरकार की आलोचना होगी. कायदे से यहां एक मिनट भी सरकार को नहीं रहना चाहिए था.

शनिवार को मुलाकात का दिन

शरद यादव के अलावा बिहार के बेलागंज विधायक सुरेंद्र प्रसाद यादव और छपरा के राजद नेता रामबाबू प्रसाद ने भी लालू प्रसाद से मुलाकात की. चारा घोटाले में सजा काट रहे आरजेडी सुप्रीमो फिलहाल रिम्स के पेइंग वार्ड में भर्ती हैं. यहां उनका कई बीमारियों का इलाज चल रहा है. इससे पिछले शनिवार को बड़े बेटे तेजप्रताप यादव ने उनसे मुलाकात की थी. हर शनिवार को जेल प्रशासन की सहमति पर लालू प्रसाद से तीन लोग मुलाकात करते हैं.
Share To:

Post A Comment:

0 comments so far,add yours