झारखंड में महागठबंधन के घटक दलों के बीच सब कुछ ठीक नहीं चल रहा है. दिल्ली में बुधवार शाम हुई बैठक में भी सीट बंटवारे पर कोई सहमति नहीं बन पाई. जेएमएम इस बात पर अड़ा हुआ है कि लोकसभा व विधानसभा चुनाव को लेकर सीट शेयरिंग एक साथ हो जाए. उधर गोड्डा और चाईबासा सीट पर जेएमएम, कांग्रेस और जेवीएम में पेंच फंस गया है. गोड्डा पर जेवीएम और कांग्रेस की दावेदारी है, जबकि चाईबासा पर कांग्रेस और जेएमएम की. बैठक में कोई फॉर्मूला फिक्स नहीं होने के बाद गुरुवार को जेएमएम नेता हेमंत सोरेन कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी से मिलेंगे.
बैठक से बाहर निकलने के बाद हेमंत सोरेन ने कहा कि ऐसा नहीं है कि जेएमएम ने अलग चुनाव लड़कर नहीं दिखाया है, लेकिन वे बीजेपी को सत्ता से बेदखल करना चाहते है. वोटों के बिखराव को रोकना चाहते हैं. बतौर हेमंत लोकसभा के साथ- साथ विधानसभा चुनाव के लिए भी फाॅमूला अभी तय हो जाना चाहिए. सीटों के तालमेल को लेकर बातचीत अभी जारी है.
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष डॉ. अजय कुमार ने कहा कि अगर मकसद भाजपा को हराना है, तो सभी को एकजुट होकर लड़ना चाहिए. जेएमएम हमारा महत्वपूर्ण साथी है. हम जल्द ही सीटों पर तालमेल कर लेंगे. वहीं जेएमएम की शर्त का समर्थन करते हुए जेवीएम महासचिव प्रदीप यादव ने कहा कि जब हम साथ बैठे हैं, तो वर्तमान और भविष्य दोनों पर चर्चा होनी चाहिए. राजनीतिक दल हैं, तो अपना-अपना स्वार्थ रहता है. एक हफ्ते के अंदर सारी चीजों पर सहमति बन जाएगी.
जेवीएम नेता बंधु तिर्की ने कहा कि दो- तीन दिन में तस्वीर साफ हो जाएगी. जेएमएम के नेता राहुल गांधी से मिलेंगे, तो सब कुछ साफ हो जाएगा. हमने तीन सीटों की दावेदारी की है. उन्होंने कहा कि, हारने वाली सीटों पर नहीं, बल्कि जीतने वाली सीटों पर उनका दावा है. बातचीत हो गई है, अंतिम फैसला सामने आ जाएगा.
बैठक में प्रदेश कांग्रेस प्रभारी आरपीएन सिंह, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय कुमार, जेएमएम के कार्यकारी अध्यक्ष हेमंत सोरेन और जेवीएम के प्रदीप यादव और बंधु तिर्की शरीक हुए.



Post A Comment:
0 comments so far,add yours