धनबाद। लोकसभा चुनाव में केंद्र और झारखंड में सत्ताधारी भाजपा के खिलाफ महागठबंधन बनाकर चुनाव लड़ने वाले विपक्षी दलों के बीच विधानसभा चुनाव से पहले खटराग शुरू हो गया है। पहले झारखंड प्रदेश कांग्रेस के नए अध्यक्ष रामेश्वर उरांव ने झामुमो के कार्यकारी अध्यक्ष हेमंत सोरेन को तेवर दिखाए। कहा, अभी नेतृत्व का फैसला नहीं हुआ है। विधानसभा चुनाव में महागठबंधन का नेतृत्व काैन करेगा इसका फैसला कांग्रेस अालाकमान करेगा। अब झामुमो प्रमुख बाबूलाल मरांडी ने कहा है कि उनकी पार्टी प्रदेश में अकेले विधानसभा चुनाव लड़ेगी। किसी के साथ गठबंधन नहीं करेगी। साथ ही उन्होंने दावा किया है कि उनकी पार्टी झारखंड विधानसभा चुनाव में शानदार प्रदर्शन करेगी।

झाविमो सुप्रीमो बाबूलाल मरांडी ने बुधवार रात तेतुलमारी में कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर बूथ कमेटी को मजबूत व सशक्त बनाने की बात कही। उन्होंने पत्रकारों से कहा कि हमारी पार्टी  विधानसभा चुनाव में पूरे प्रदेश में अकेले चुनाव लड़ेगी तथा अपनी शानदार परिणाम देगी। पिछले विधानसभा के दौरान मजबूत स्थिति में थी, आज भी है और भविष्य में भी रहेगी। पार्टी साफ और स्वच्छ है। उन्होंने कहा कि झाविमो गठबंधन  का कभी विरोधी नहीं रहा है। वर्ष 2006 में पार्टी का निर्माण हुआ है और वर्ष 2014 में गठबंधन के तहत चुनाव भी लड़ा चुके हैं। 2019 में अकेले चुनाव लडऩे का विचार चल रही है। उनके साथ जिलाध्यक्ष ज्ञान रंजन सिन्हा, रमेश महतो, सरोज सिंह, बनवाली महतो, प्रदीप वर्मा, बसंत वर्मा, संजय वर्मा, मृत्युंजय सिंह, महेंद्र रवानी, सपन कुम्हार आदि शामिल थे।
Share To:

Post A Comment:

0 comments so far,add yours